गाजियाबाद । मेरठ-गाजियाबाद के बीच चलने वाली नमो भारत रैपिड रेल एक बार फिर विवादों में है। पूर्व में वायरल हुए एक आपत्तिजनक वीडियो के बाद अब उसी घटना से जुड़ा दूसरा वीडियो सोशल मीडिया पर रैपिड रेल पार्ट-2 के नाम से तेजी से प्रसारित हो रहा है। इस नए वीडियो के सामने आने के बाद नमो भारत का संचालन करने वाली संस्था एनसीआरटीसी ने सख्त रुख अपनाते हुए लोगों से इसे साझा न करने की औपचारिक अपील की है।
एनसीआरटीसी ने स्पष्ट किया है कि इस मामले में पहले ही कड़ी विभागीय और कानूनी कार्रवाई की जा चुकी है। जांच में यह बात सामने आई थी कि उक्त वीडियो 24 नवंबर की शाम का है, जब ट्रेन दुहाई से मुरादनगर की ओर जा रही थी। प्रीमियम कोच में हुई इस गंदी हरकत को खुद ट्रेन ऑपरेटर ने मोबाइल से रिकॉर्ड किया था, जो कि सेवा नियमों का गंभीर उल्लंघन है। इस अनुशासनहीनता के चलते निगम ने संबंधित ऑपरेटर को 3 दिसंबर को ही नौकरी से बर्खास्त कर दिया था। इसके अतिरिक्त, सुरक्षा प्रमुख द्वारा 22 दिसंबर को मुरादनगर थाने में इस प्रकरण को लेकर औपचारिक शिकायत भी दर्ज कराई गई थी।
निगम ने जनता से अपील की है कि नमो भारत जैसी आधुनिक सार्वजनिक परिवहन सेवा की गरिमा और अनुशासन बनाए रखें। वीडियो को बार-बार वायरल करना न केवल अनुचित है, बल्कि जांच प्रक्रिया को भी प्रभावित करता है। यात्रियों को सुझाव दिया गया है कि यदि वे ट्रेन या स्टेशन परिसर में किसी भी प्रकार की अश्लील या संदिग्ध गतिविधि देखते हैं, तो उसकी सूचना तुरंत वहां तैनात सुरक्षा कर्मियों या स्टेशन स्टाफ को दें। अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा के साथ किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए निगरानी और सख्त की जाएगी।

