श्रीनगर । जम्मू-कश्मीर विधानसभा में शुक्रवार को कार्यवाही शुरू होने से पहले ही माहौल तनावपूर्ण हो गया। दरअसल पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष और ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के मुद्दे पर नेशनल कॉन्फ्रेंस (एनसी) और पीडीपी (पीडीपी) के विधायकों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी विधायक हाथों में खामेनेई के पोस्टर और तस्वीरें लेकर सदन में पहुंचे और उनके समर्थन में नारेबाजी की। इसी बीच कुछ विधायकों के बीच धक्का-मुक्की भी हो गई, जिससे सदन की कार्यवाही वाधित हुई।
प्रदर्शन कर रहे विधायकों का कहना था कि किसी भी देश को दूसरे देश पर हमला करने का अधिकार नहीं है और इस घटना की अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर निंदा होनी चाहिए। नेशनल कॉन्फ्रेंस के विधायक तनवीर सादिक ने कहा कि उनकी पार्टी और जम्मू-कश्मीर सरकार ईरान के साथ खड़ी है। उन्होंने यह भी याद दिलाया कि मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला पहले भी इस तरह की घटनाओं की निंदा कर चुके हैं। गौरतलब है कि 28 फरवरी को इजराइल द्वारा ईरान पर किए गए हमले में खामेनेई की मौत की खबर सामने आई थी, जिसके बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तनाव की स्थिति बनी हुई है। इसी मुद्दे को लेकर जम्मू-कश्मीर विधानसभा में भी राजनीतिक तापमान बढ़ गया और इसका असर सदन की कार्यवाही पर साफ दिखाई दिया।
कांग्रेस और बीजेपी विधायकों के बीच झड़प
इस बीच, विधानसभा के भीतर एक अलग मुद्दे पर कांग्रेस और बीजेपी विधायकों के बीच तीखी झड़प हो गई। बताया गया कि कांग्रेस विधायक इरफान हाफिज द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारेबाजी की जा रही थी। इसके जवाब में बीजेपी विधायक युद्धवीर सेठी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर टिप्पणी की, जिससे विवाद और बढ़ गया। देखते ही देखते बहस ने उग्र रूप ले लिया और दोनों पक्षों के विधायकों के बीच धक्का-मुक्की शुरू हो गई। स्थिति को बिगड़ता देख अन्य सदस्यों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराने की कोशिश की। हालांकि, हंगामा बढ़ने के कारण सदन की कार्यवाही कुछ समय के लिए स्थगित करनी पड़ी।

