इन्दौर विगत दिनों एक महिला निगम कर्मी को रिश्वत लेते निगम मुख्यालय गेट पर रंगेहाथों पकड़ने के बाद इन्दौर नगर निगम के पार्षद और एमआईसी मेम्बर मनीष शर्मा ने फिर एक कर्मचारी को रिश्वत लेते पकड़ा है। मामला जोन क्रमांक 11 के इदरीश नगर का है, जहां सेफ्टी टैंक खाली करने के नाम पर यह कर्मचारी 1500 रुपए मांग रहा था। जबकि जिसके यहां का सेफ्टी टैंक खाली होना था उसने निगम चार्ज पहले ही जमा करा उसकी रसीद कटा ली थी। इसके बाद भी सेफ्टी टैंक खाली करने पहुंचे कर्मचारियों ने जब रुपए मांगे तो उसने एमआईसी मेंबर को इसकी जानकारी दे दी। सूचना पर मनीष शर्मा ने मौके पर पहुंच तुरंत वायरलेस और फोन के माध्यम से झोनल अधिकारी और संबंधित ठेकेदार से बातचीत की और जानकारी निकाली की रसीद कटाने के बाद भी 1500 रुपए लगते हैं क्या ? जोनल अधिकारी ने बताया कि केवल रसीद के ही पैसे लगते हैं तो एमआईसी मेंबर ने संबंधित ठेकेदार से भी बात कर उन्हें समझाया कि इससे नगर निगम का नाम खराब होता है। इस घटनाक्रम का वीडियो भी उन्होंने बनाया जो अब सोशल साइट्स पर वायरल हो रहा है। हालांकि अभी ये स्पष्ट नहीं हुआ है कि कर्मचारी नगर निगम का है या ठेकेदार का है।
मामले में मनीष शर्मा का कहना है कि उन्हें इदरीश नगर से कॉल आया था जहां सेफ्टी टैंक खाली कराने के लिए नियत चार्ज की रसीद कटने के बावजूद अतिरिक्त पैसे की मांग की जा रही थी और दबाव बनाया जा रहा था। उन्होंने जब पहले फोन पर इस बारे में बात की तो कर्मचारी ने उनसे भी अभद्रता की। इसके बाद वे खुद मौके पर पहुंचे और नगर निगम और जोनल अधिकारी से बात कर पूछा कि रसीद कटने के बाद भी क्या अलग से भुगतान करना होता है। साथ ही संबंधित ठेकेदार टुटेजा से भी संपर्क किया। मनीष शर्मा के अनुसार पूरा मामला अधिकारियों के संज्ञान में दे दिया गया है और अब आगे की कार्रवाई उन्हीं के स्तर पर होगी।

