निशिकांत दुबे की मांग….राहुल गांधी की विदेश यात्राओं पर लगे रोक

देश-विदेश

-नेहरू के देशद्रोह संबंधी पत्र का दिया हवाला
नई दिल्ली । बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे ने लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी के विदेश जाने पर तत्काल रोक लगाने और उनकी संसदीय सदस्यता समाप्त करने की मांग उठा दी है। उन्होंने अपनी मांग के समर्थन में पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू द्वारा 1955 में लिखे पत्र का हवाला दिया, जिसमें नेहरू ने कथित तौर पर कम्युनिस्ट विचारधारा को देशद्रोह के समान बताया था।
झारखंड के देवघर से सांसद दुबे ने लिखा कि नेहरू के शब्दों के अनुसार, क्या राहुल गांधी की संसद सदस्यता खत्म नहीं की जानी चाहिए और उनके विदेश जाने पर रोक नहीं लगनी चाहिए? सांसद दुबे ने नेहरू के हवाले से कहा कि कम्युनिस्ट विचारधारा का मतलब है देशद्रोह, विदेश में जाकर चुनी हुई सरकार के खिलाफ बोलना देशद्रोह है। उन्होंने बताया कि नेहरू ने मशहूर इतिहासकार इरफान हबीब को कम्युनिस्ट विचारधारा से जुड़ा होने के कारण स्कॉलरशिप देने से इंकार किया था।
सांसद दुबे ने आरोप लगाया कि विदेशी ताकतों के साथ मिलकर भारत के खिलाफ बोलना और परोक्ष रूप से पाकिस्तान का समर्थन करना देशद्रोह हैं, उन्होंने राहुल गांधी की विदेश यात्राओं पर रोक लगाना पूरी तरह से संवैधानिक होगा। सांसद दुबे ने सवाल किया कि नेहरू द्वारा स्थापित यह मिसाल राहुल गांधी पर क्यों लागू नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा, अगर हम नेहरू के पत्र को आधार माना जाएं, जिसमें यह स्थापित किया गया था कि विदेश में देश के खिलाफ बोलने वाला कोई भी व्यक्ति राष्ट्र-विरोधी है, और कम्युनिस्ट विचारधारा को मानने वाले विशेष रूप से खतरनाक राष्ट्र-विरोधी हैं, तब उस आधार पर राहुल गांधी को विदेश जाने से क्यों नहीं रोका जाना चाहिए और उनकी संसदीय सदस्यता क्यों नहीं खत्म की जानी चाहिए?
दरअसल बीजेपी लगातार राहुल गांधी पर विदेश दौरों के दौरान अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत को बदनाम करने का आरोप लगाती रही है। सांसद दुबे की ताजा टिप्पणी, संसद के मॉनसून सत्र के दौरान बीजेपी सांसद अनुराग ठाकुर द्वारा राहुल गांधी के खिलाफ लाए गए विशेषाधिकार प्रस्ताव का समर्थन करने के बाद आई हैं। सांसद दुबे ने कांग्रेस नेतृत्व पर निशाना साधकर कहा कि बारह साल तक सत्ता से बाहर रहने के बाद पार्टी का नेतृत्व अपना होश खो चुका है और राहुल गांधी पर संसदीय मर्यादा के खिलाफ बातें करने तथा बेबुनियाद दावे करने का आरोप लगाया।