:: मुख्य सचिव ने सराहा किसानों का नवाचार; खेत का पानी, खेत में का दिया मंत्र ::
इंदौर/धार । पारंपरिक फसलों की लकीर से हटकर कुछ अलग करने की जिद और आधुनिक तकनीक के तालमेल ने धार जिले के बदनावर क्षेत्र के किसानों की तकदीर बदल दी है। अब यहाँ के खेतों में केवल अनाज नहीं, बल्कि विदेशी फूल और फल लहलहा रहे हैं। ग्राम रूपाखेड़ा और तिलगारा में किसानों के इसी नवाचार को देखने और समझने पहुंचे प्रदेश के मुख्य सचिव अनुराग जैन ने न केवल उनकी मेहनत को सराहा, बल्कि इसे पूरे प्रदेश के अन्नदाताओं के लिए रोल मॉडल बताया।
मुख्य सचिव ने जब शेडनेट हाउस में लहलहाती ब्लूबेरी और पॉली हाउस में खिले जरबेरा, लिथियन्सन और जिप्सोफिला जैसे विदेशी फूलों को देखा, तो वे अभिभूत हो उठे। क्षेत्र के प्रगतिशील किसान खेमराज पाटीदार, मोहन पाटीदार और रामलाल पाटीदार ने अपनी सफलता की दास्तान साझा करते हुए बताया कि कैसे कम जमीन और अधिक तकनीक के सहारे वे अपनी आय कई गुना बढ़ाने में सफल रहे हैं। मुख्य सचिव ने किसानों के इस जज्बे की सराहना की।
:: खेत का पानी, खेत में का दिया मंत्र ::
क्षेत्र के दौरे के दौरान मुख्य सचिव ने किसानों की सिंचाई संबंधी समस्याओं को ध्यान में रखते हुए जल संरक्षण का अनूठा पाठ पढ़ाया। उन्होंने खेत का पानी, खेत में के संकल्प पर जोर देते हुए कहा, हमें बारिश की एक-एक बूंद को सहेजना होगा। वॉटर रीचार्जिंग के जरिए भू-जल स्तर बढ़ाना ही भविष्य की खेती की सबसे बड़ी जरूरत है। यदि हम इसे जमीन पर उतारें, तो गर्मी के मौसम में भी हमारे खेत सदाबहार बने रहेंगे।
:: मॉडल का होगा विस्तार ::
उद्यानिकी विभाग की कार्यप्रणाली से संतुष्ट मुख्य सचिव ने विभागीय अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि इस मॉडल को अन्य क्षेत्रों में भी विस्तारित किया जाए। उन्होंने कहा कि शासन का लक्ष्य किसानों को आत्मनिर्भर बनाना है और ऐसे नवाचारों को हर संभव प्रोत्साहन दिया जाएगा।
भ्रमण के दौरान धार कलेक्टर राजीव रंजन मीना, जिला पंचायत सीईओ अभिषेक चौधरी, संयुक्त संचालक उद्यान इंदौर संभाग दयाराम जाटव, उप संचालक उद्यान नीरज सांवलिया सहित प्रशासनिक अधिकारी और बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे।


1 thought on “बदनावर में महकी ब्लूबेरी और जरबेरा की खुशबू, बदली तकदीर”
Comments are closed.