सायोनी घोष फिर सक्रिय: बारुईपुर घटना पर मुख्यमंत्री से की बात

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कोलकाता । तृणमूल कांग्रेस की सांसद सायोनी घोष करीब एक महीने की चुप्पी के बाद एक बार फिर सार्वजनिक रूप से सक्रिय नजर आई हैं। उन्होंने दक्षिण 24 परगना जिले के बारुईपुर के सूरजापुर इलाके में एक नाबालिग लड़की के साथ हुई घटना पर गहरा दुख जताते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही उन्होंने घटना के बाद हुई मॉब लिंचिंग की भी कड़ी निंदा करते हुए लोगों से कानून अपने हाथ में नहीं लेने की अपील की है।
सायोनी घोष ने सोशल मीडिया पर जारी बयान में कहा कि वह पीड़ित बच्ची और उसके परिवार के साथ पूरी संवेदना और एकजुटता के साथ खड़ी हैं। उन्होंने बताया कि इस मामले को लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री से बातचीत की, जिन्होंने भरोसा दिलाया कि पूरे घटनाक्रम की व्यक्तिगत रूप से निगरानी की जा रही है। उनके अनुसार, मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी शुरू हो चुकी है और निष्पक्ष जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है। मुख्यमंत्री पीड़ित परिवार के संपर्क में हैं और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। सांसद ने कहा कि बारुईपुर लोकसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने के नाते वह इस पूरे मामले से संबंधित सभी तथ्यों को लिखित रूप में मुख्यमंत्री को भेजेंगी। उन्होंने यह भी कहा कि पीड़ित परिवार को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराना उनकी प्राथमिकता रहेगी।
सायोनी घोष ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि किसी भी अपराध के विरोध में भीड़ द्वारा हिंसा करना उचित नहीं है। कानून में मॉब लिंचिंग के लिए कोई स्थान नहीं है और कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने लोगों से शांति बनाए रखने और प्रशासन पर भरोसा रखने की अपील की। साथ ही बताया कि वह जिले के पुलिस अधीक्षक के लगातार संपर्क में हैं और मामले में न्याय सुनिश्चित करने के लिए प्रयासरत हैं। दरअसल, दक्षिण 24 परगना के बारुईपुर इलाके में लापता हुई 11 वर्षीय बच्ची का शव रविवार को एक बोरी में बरामद किया गया था। इस घटना से नाराज लोगों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए सड़क जाम कर दी, टायर जलाए और कुछ पुलिस वाहनों को नुकसान पहुंचाया। इसी दौरान बच्ची से दुष्कर्म और हत्या के आरोप में एक व्यक्ति की भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी। पुलिस ने बताया कि बच्ची की हत्या के मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि मॉब लिंचिंग की घटना की भी अलग से जांच की जा रही है।