अयोध्या: महाराष्ट्र के जगदीश आफले बने राम मंदिर ट्रस्ट के सचिव

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आरएसएस से जुड़ाव और आईआईटी से बीटेक
अयोध्या । राम मंदिर में दान चोरी की घटना के बाद किए जा रहे व्यापक प्रशासनिक सुधारों की कड़ी में श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने बड़ा कदम उठाया है। ट्रस्ट में मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) के चयन से पहले ही नए सचिव पद का सृजन कर जगदीश आफले को पहला सचिव नियुक्त कर दिया है। इसके साथ ही एसबीआई के खातों के संचालन को लेकर बना गतिरोध भी पूरी तरह समाप्त हो गया है। जगदीश आफले को बैंक खातों का अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता बनाया गया है, जिसकी आधिकारिक घोषणा आगामी 2 सितंबर को होने वाली ट्रस्ट की बैठक में की जाएगी।
महाराष्ट्र के पुणे निवासी जगदीश आफले बचपन से ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े रहे हैं। उन्होंने आईआईटी मुंबई से इलेक्ट्रिकल में बीटेक और एमटेक किया है। इसके बाद उन्होंने यूरोप और अमेरिका की कई बहुराष्ट्रीय कंपनियों में लंबे समय तक अपनी सेवाएं दीं। विदेश से लौटने और राम मंदिर पर फैसला आने के बाद उन्होंने मंदिर निर्माण कार्य शुरू होते ही बिना किसी वेतन के प्रोजेक्ट मैनेजर के रूप में जिम्मेदारी संभाल ली थी। वह अपनी पत्नी के साथ तीर्थ क्षेत्र भवन में ही रह रहे हैं। तत्कालीन महासचिव और ट्रस्टी के इस्तीफे के बाद बैंक खातों के अधिकृत हस्ताक्षरकर्ताओं को लेकर वैधानिक अड़चन आ गई थी। आफले के ट्रस्टी न होने के कारण बैंक ने कानूनी राय मांगी थी, जिससे वित्तीय संचालन कुछ समय के लिए प्रभावित हुआ था। इसके चलते लगभग 1000 कर्मचारियों का वेतन और आउटसोर्सिंग एजेंसियों का भुगतान अटक गया था। हालांकि, ट्रस्ट द्वारा पारित नए प्रस्ताव के बाद बैंक ने इसे औपचारिक स्वीकृति दे दी है और लेन-देन पुनः सुचारू रूप से शुरू हो गया है।
सीईओ पद के लिए मिले 5,200 आवेदन
ट्रस्ट में सीईओ पद की नियुक्ति प्रक्रिया भी तेजी से चल रही है। इसके लिए देशभर से करीब 5,200 आवेदन प्राप्त हुए हैं। पूर्व न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली समिति आवेदनों की स्क्रीनिंग और शॉर्टलिस्टिंग का काम कर रही है। इसमें समय लगने की संभावना को देखते हुए ही पहले सचिव का नया पद बनाकर जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अतिरिक्त जल्द ही ट्रस्ट के नए प्रवक्ता के नाम का भी ऐलान किया जाएगा।