कर्ज गड़बड़ी में फंसे 5 हजार किसानों को सरकार का कवच

इंदौर

:: कैबिनेट का बड़ा फैसला : फिर मिलेगा ऋण और योजनाओं का लाभ, अपेक्स व जिला सहकारी बैंक बनाएंगे 50 करोड़ का फंड; सरकार देगी 25 करोड़ की अंशपूंजी ::
भोपाल/इंदौर । ऋण खातों की गड़बड़ी के कारण सरकारी योजनाओं से बाहर हुए प्रदेश के करीब 5 हजार किसानों के लिए सरकार ने राहत का रास्ता खोल दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में सहकारिता विभाग की कवच योजना को मंजूरी दे दी गई। योजना के तहत प्रभावित किसानों को दोबारा ऋण सुविधा और सरकारी योजनाओं का लाभ मिल सकेगा।
कैबिनेट के निर्णय के अनुसार अपेक्स बैंक और जिला सहकारी बैंक मिलकर 50 करोड़ रुपए की निधि तैयार करेंगे। वहीं राज्य सरकार किसान हित में 25 करोड़ रुपए की अंशपूंजी सहायता उपलब्ध कराएगी। इससे ऋण खातों में आई विसंगतियों के कारण अटके किसानों को सहकारी ऋण व्यवस्था से फिर जोड़ा जा सकेगा।
:: ऋण गड़बड़ी से रुका था सरकारी लाभ ::
कवच योजना उन किसानों के लिए है, जिनके ऋण खातों में गड़बड़ी या जांच लंबित रहने के कारण वे सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं ले पा रहे थे। योजना के जरिए ऐसे किसानों की पात्रता बहाल कर उन्हें कृषि गतिविधियों के लिए ऋण सुविधा उपलब्ध कराने का रास्ता खोला जाएगा।
:: 32,070 करोड़ के विकास प्रस्तावों को मंजूरी ::
मंत्रि-परिषद ने प्रदेश के सर्वांगीण विकास और जनकल्याण से जुड़े कुल 32,070 करोड़ रुपए के प्रस्तावों को मंजूरी दी। इनमें किसान, स्वास्थ्य, खेल, डिजिटल व्यवस्था और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय शामिल हैं।
:: स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 28,483 करोड़ ::
कैबिनेट ने वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक स्वास्थ्य क्षेत्र की विभिन्न योजनाओं के लिए करीब 28,483 करोड़ रुपए मंजूर किए हैं।

  • जिला एवं सिविल अस्पतालों तथा औषधालयों के संचालन के लिए 12,517.99 करोड़ रुपए
  • प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार के लिए 11,812.02 करोड़ रुपए
  • प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत स्वास्थ्य अवसंरचना मिशन के लिए 2,448.79 करोड़ रुपए
  • मलेरिया सहित वेक्टर जनित रोगों के नियंत्रण के लिए 1,704.81 करोड़ रुपए
    इन योजनाओं से जिला अस्पतालों में सुविधाओं का विस्तार, क्रिटिकल केयर ब्लॉक, बेहतर जांच व्यवस्था और ग्रामीण क्षेत्रों में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूती मिलेगी।
    :: खेल सुविधाओं के विस्तार पर 2,460 करोड़ ::
    प्रदेश में खेल अधोसंरचना मजबूत करने के लिए वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक 2,460.57 करोड़ रुपए की योजना मंजूर की गई है। इसके तहत स्टेडियम, प्रशिक्षण केंद्र और खिलाड़ियों के लिए आवश्यक सुविधाओं का विकास किया जाएगा।
    :: डिजिटल मध्यप्रदेश के लिए 1,099 करोड़ ::
    ई-गवर्नेंस व्यवस्था को मजबूत करने के लिए स्टेट डाटा सेंटर के उन्नयन, संचालन और संधारण के लिए 1,099.58 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। इससे सरकारी डेटा की सुरक्षा, ऑनलाइन सेवाओं की उपलब्धता और डिजिटल व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
    :: जनजातीय शिक्षकों को चौथा क्रमोन्नत वेतनमान ::
    मंत्रि-परिषद ने जनजातीय कार्य विभाग के शैक्षणिक संवर्ग के सहायक शिक्षक, उच्च श्रेणी शिक्षक तथा प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षकों को 35 वर्ष की सेवा पूर्ण होने पर चतुर्थ क्रमोन्नत वेतनमान देने की स्वीकृति दी है। यह लाभ 1 जुलाई 2023 अथवा पात्रता तिथि से प्रभावी होगा।
    कैबिनेट के फैसलों में किसान राहत को प्राथमिकता देते हुए स्वास्थ्य, खेल, डिजिटल व्यवस्था और शिक्षा क्षेत्र पर भी फोकस किया गया है। पांच वर्ष की अवधि के लिए मंजूर इन योजनाओं से प्रदेश में अधोसंरचना और जनसेवाओं के विस्तार को गति देने का लक्ष्य रखा गया है।