:: पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के प्रबंध निदेशक ने बुलाई समीक्षा बैठक; लापरवाही बरतने वालों पर कार्रवाई की चेतावनी, शिकायतों के त्वरित निराकरण के निर्देश ::
इंदौर । मध्य प्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के प्रबंध निदेशक अनूप कुमार सिंह ने उपभोक्ता सेवा संचालन, बिजली आपूर्ति और राजस्व संग्रहण की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं। बुधवार को संपन्न हुई इस उच्च स्तरीय बैठक में उन्होंने स्पष्ट किया कि उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण बिजली देना और समय पर बिल देयकों की वसूली करना कंपनी की प्राथमिक जिम्मेदारी है, और इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
:: गैर-घरेलू बकायादारों पर 50 करोड़ का बिल बकाया ::
प्रबंध निदेशक सिंह ने इंदौर और उज्जैन संभाग के मुख्य अभियंताओं सहित सभी अधीक्षण अभियंताओं को लक्षित करते हुए कहा कि गैर-घरेलू श्रेणी (दुकानें, मॉल, लघु उद्योग, आटा चक्की, शोरूम आदि) के करीब एक लाख उपभोक्ताओं पर वर्तमान में 50 करोड़ रुपये की बिल राशि बकाया है।
उन्होंने निर्देश दिए कि इस राशि की शत-प्रतिशत वसूली के लिए मई के शेष 10 दिनों में हर हाल में विशेष अभियान चलाकर बकायादारों से संपर्क किया जाए। इस राजस्व संग्रहण के लिए हर संभव प्रयास किए जाएं और इसकी प्रगति की साप्ताहिक रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए।
:: शिकायत निवारण के लिए समय-सीमा तय ::
उपभोक्ता सेवाओं में सुधार के लिए प्रबंध निदेशक ने 1912 कॉल सेंटर और अन्य माध्यमों से आने वाली शिकायतों के निराकरण में विलंब न करने की हिदायत दी। उन्होंने इसके लिए नई समय-सीमा तय करते हुए कहा कि:
शहरी क्षेत्रों में : शिकायत मिलने के 1 से 2 घंटे के भीतर समाधान होना चाहिए।
ग्रामीण (देहात) क्षेत्रों में : 2 से 4 घंटे के भीतर शिकायतों के निपटारे के लिए योजना बनाकर अमल किया जाए।
उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि बिजली आपूर्ति बहाली के लिए उपभोक्ताओं को अधिक इंतजार करने की नौबत नहीं आनी चाहिए।
:: मानसून पूर्व रखरखाव कार्य एक पखवाड़े में निपटाने के निर्देश ::
बारिश के मौसम को ध्यान में रखते हुए सिंह ने देहात क्षेत्रों में खेतों, खलिहानों और कच्चे रास्तों के पास के बिजली संबंधी कार्यों को अगले 15 दिनों (एक पखवाड़े) में अनिवार्य रूप से पूर्ण करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने नए ग्रिडों के निर्माण के लिए संबंधित जिला प्रशासन से भूमि आवंटन की विभागीय प्रक्रिया में तेजी लाने को कहा।
:: बैठक के अन्य महत्वपूर्ण बिंदु ::
रखरखाव की अग्रिम सूचना : ग्रिडों और लाइनों के आरडीएसएस व एसएसटीडी के तहत कार्यों को समय पर पूर्ण किया जाए। मेंटेनेंस (रखरखाव) के कारण होने वाली कटौती की सूचना उपभोक्ताओं और रहवासी संघों को पहले ही दी जाए।
मीटरीकरण : खराब हो चुके मीटरों को समय पर बदला जाए और इंडेक्सिंग का कार्य पूर्ण कर प्रतिपरीक्षण सुनिश्चित हो।
उच्चदाब कनेक्शन : उच्चदाब (एचटी) कनेक्शन वाले उपभोक्ताओं की तकनीकी रिपोर्ट पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई की जाए।
इस समीक्षा बैठक में कार्यपालक निदेशक गजरा मेहता, मुख्य अभियंता एसएल करवाड़िया, आरसी जैन, सुषमा गंगराड़े, निर्मल शर्मा, अतिरिक्त मुख्य महाप्रबंधक संजय मालवीय, सुनील पटौदी, अंतिम जैन, सुधीर आचार्य और कीर्ति सिंह सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

