:: औद्योगिक विकास को मिलेगी नई रफ्तार, करीब 1,800 रोजगार सृजित होने की संभावना ::
इंदौ । प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में औद्योगिक विकास को नई गति देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। एमपी इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन (एमपीआईडीसी) ने पीथमपुर सेक्टर-7 में सात नई औद्योगिक इकाइयों को 27.35 हेक्टेयर भूमि आवंटित की है। इन इकाइयों द्वारा लगभग 1,911 करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा, जिससे 1,797 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है।
सरकार के अनुसार पीथमपुर सेक्टर-7 में मेटल प्रोसेसिंग, फर्नीचर, फूड प्रोसेसिंग, बीओपीपी फिल्म, टेक्सटाइल और एफआईबीसी क्षेत्र की इकाइयों को भूमि आवंटित की गई है। इनमें जापानी प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) वाली कंपनी टोपान स्पेशियलिटी फिल्म्स भी शामिल है, जो अकेले 950 करोड़ रुपये का निवेश करेगी और 332 लोगों को रोजगार उपलब्ध कराएगी। बताया गया है कि यह निवेश मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के जापान दौरे के दौरान हुए प्रयासों का परिणाम है।
इन नए आवंटनों के साथ पीथमपुर सेक्टर-7 में अब तक 24 औद्योगिक इकाइयों को कुल 279.48 हेक्टेयर भूमि आवंटित की जा चुकी है। यहां प्रस्तावित कुल निवेश बढ़कर 10,606 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है। इससे न केवल बड़े उद्योगों का विस्तार होगा, बल्कि उनके आसपास सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) के लिए भी नए अवसर विकसित होंगे।
:: स्मार्ट औद्योगिक टाउनशिप के रूप में हो रहा विकास ::
पीथमपुर सेक्टर-7 को एकीकृत स्मार्ट औद्योगिक टाउनशिप के रूप में विकसित किया जा रहा है। यहां औद्योगिक क्षेत्र के साथ आवासीय और वाणिज्यिक सुविधाओं का भी विकास किया जा रहा है। परियोजना के लिए भूमि देने वाले 174 भू-स्वामियों को अब तक 176 वाणिज्यिक और 3,665 आवासीय भूखंड आवंटित किए जा चुके हैं, जिनका मूल्य 500 करोड़ रुपये से अधिक बताया गया है।
सेक्टर-7 के प्रथम चरण का विकास कार्य 457 करोड़ रुपये की लागत से जारी है। क्षेत्र में सड़क, जलापूर्ति, विद्युत, ड्रेनेज और अन्य आधारभूत सुविधाओं का तेजी से निर्माण किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि आधारभूत ढांचे और औद्योगिक इकाइयों का समानांतर विकास पीथमपुर को प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करेगा।

