संभागायुक्त ने किया धार का दौरा, पीएम मित्रा पार्क और आधुनिक खेती को परखा

मध्य प्रदेश

:: टेक्सटाइल हब और बदनावर की उद्यानिकी परियोजनाओं की समीक्षा; किसानों को ट्रेनिंग के लिए महाराष्ट्र भेजने के निर्देश ::
इंदौर/धार । मध्य प्रदेश के औद्योगिक और कृषि विकास को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिलाने के लिए प्रशासनिक स्तर पर प्रयास तेज हो गए हैं। इसी कड़ी में संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े ने गुरुवार को धार जिले का सघन दौरा कर शासन की महत्वाकांक्षी परियोजनाओं का जायजा लिया। उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में धार में आकार ले रहे देश के प्रतिष्ठित पीएम मित्रा टेक्सटाइल पार्क के निर्माण कार्यों की समीक्षा की। इसके साथ ही उन्होंने बदनावर विकासखंड के ग्रामीण अंचलों में आधुनिक उद्यानिकी और संरक्षित खेती (पॉलीहाउस) के नवाचारों को भी देखा। इस दौरान धार कलेक्टर राजीव रंजन मीना सहित विभिन्न विभागों के आला अधिकारी मौजूद रहे।
संभागायुक्त ने करीब 2,156 एकड़ क्षेत्र में विकसित हो रहे पीएम मित्रा पार्क के निरीक्षण के दौरान एमपीआईडीसी के अफसरों से निवेश और रोजगार को लेकर विस्तृत चर्चा की। अधिकारियों ने बताया कि इस मेगा पार्क में अब तक 20 हजार करोड़ रूपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव मिल चुके हैं, जिससे 46 हजार से अधिक युवाओं को रोजगार मिलेगा। पार्क के प्रथम व द्वितीय चरण में 1,100 एकड़ से अधिक भूमि आवंटित की जा चुकी है और जल्द ही तीसरे चरण की प्रक्रिया शुरू होगी। दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे और राष्ट्रीय राजमार्ग से बेहतर कनेक्टिविटी के कारण यह पार्क देश का बड़ा टेक्सटाइल हब बनने जा रहा है, जहां विश्वस्तरीय कॉमन एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट और प्लग एंड प्ले शेड्स जैसी सुविधाएं विकसित की जा रही हैं।
:: बदनावर के फूलों की महक और किसानों को महाराष्ट्र में ट्रेनिंग की तैयारी ::
दौरे के अगले चरण में संभागायुक्त ने बदनावर के ग्राम रूपाखेड़ा, नाहरखेड़ा और तिलगारा में पॉलीहाउस तथा शेडनेट हाउस का भ्रमण किया। यहाँ गुलाब, जरबेरा, कश्मीरी गुलाब और ब्लूबेरी जैसी उच्च मूल्य वाली फसलों का उत्पादन कर रहे प्रगतिशील किसानों की पीठ थपथपाते हुए उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीकों से खेती को अधिक मुनाफे का सौदा बनाया जा सकता है। धार जिले में फिलहाल 1.86 लाख वर्गमीटर क्षेत्र में पॉलीहाउस स्थापित हैं, जिसका लाभ 75 से अधिक किसान उठा रहे हैं।
डॉ. खाड़े ने पुष्प उत्पादक किसानों की आय बढ़ाने के लिए किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ) के गठन और कोल्ड रूम जैसी भंडारण सुविधाएं विकसित करने के निर्देश दिए। उन्होंने उद्यानिकी विभाग के अफसरों से कहा कि यहां के किसानों को क्षमता संवर्धन और उन्नत टिशू कल्चर तकनीक सीखने के लिए महाराष्ट्र के जलगांव में विशेष प्रशिक्षण दिलवाया जाए। दौरे के दौरान स्थानीय किसानों ने ब्लूबेरी की खेती के लिए सरकारी अनुदान और एनवीडीए पाइपलाइन विस्तार की मांग रखी, जिस पर संभागायुक्त ने सकारात्मक कार्रवाई का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि पीएम मित्रा पार्क जैसे औद्योगिक निवेश और उच्च मूल्य वाली फसलों के विस्तार से मध्य प्रदेश विकास के क्षेत्र में नई इबारत लिखेगा।