इन्दौर मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय खंडपीठ इन्दौर में निर्धारित अवधि में जमानत प्रकरणों की सुनवाई को सुव्यवस्थित करने तथा मामलों के निराकरण की प्रक्रिया में अनावश्यक विलंब से बचने के उद्देश्य से जमानत याचिकाओं की सुनवाई को लेकर रोस्टर में आंशिक संशोधन किया गया है। जिसके अनुसार अब आज 29 अक्टूबर से 6 नवंबर तक तीन एकल पीठों में एमसीआरसी जमानत संबंधी सभी प्रकरणों की सुनवाई होगी। मप्र उच्च न्यायालय के चीफ जस्टिस ए वाय कोगजे के इंदौर प्रवास के दौरान हाई कोर्ट इंदौर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष मनीष यादव के नेतृत्व में कार्यकारिणी ने बढ़ते जमानत मामलों को देखते हुए तीन जजों की विशेष बेंच गठित करने की मांग की थी। चीफ जस्टिस ने मांग को स्वीकार करते हुए तीन जजों की पीठ गठित की है। मप्र उच्च न्यायालय के प्रधान रजिस्ट्रार (न्यायिक) समीर कुलश्रेष्ठ द्वारा जारी आदेश के अनुसार न्यायमूर्ति संदीप एन. भट्ट, न्यायमूर्ति विनय सराफ व न्यायमूर्ति पवनकुमार द्विवेदी अपनी-अपनी एकल पीठ में दोपहर 2:30 बजे से जमानत प्रकरणों की सुनवाई करेंगे। यह व्यवस्था मप्र हाईकोर्ट नियम, 2008 के अध्याय आईवी के नियम 3 (4) के अंतर्गत आने वाले एमसीआरसी जमानत मामलों पर लागू होगी। जारी आदेश में महाधिवक्ता कार्यालय के सदस्यों को निर्देशित किया है कि वे न्यायालयों से स्थगन की मांग न करें तथा संबंधित मामलों की सुनवाई के समय केस डायरी की उपलब्धता सुनिश्चित करें। साथ ही बार के सभी सदस्यों से भी अनावश्यक स्थगन मांगने से बचने का अनुरोध किया गया है।

