रिटायरमेंट से पहले शहीदों को दी श्रद्धांजलि, ऑपरेशन सिंदूर और सीमाई सुरक्षा को बताया बड़ी उपलब्धि
-जनरल धीरज सेठ बने नए थल सेना प्रमुख
नई दिल्ली । भारतीय सेना के प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी मंगलवार को अपने पद से सेवानिवृत्त हो गए। लगभग दो वर्षों तक सेना का नेतृत्व करने के बाद उन्होंने नई दिल्ली स्थित नेशनल वॉर मेमोरियल पहुंचकर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उनके स्थान पर जनरल धीरज सेठ ने भारतीय सेना के 31वें थल सेना प्रमुख के रूप में कार्यभार संभाल लिया।
सेवानिवृत्ति के अवसर पर जनरल द्विवेदी ने कहा कि भारतीय सेना ने पिछले वर्षों में हर मोर्चे पर अपनी जिम्मेदारियों का प्रभावी ढंग से निर्वहन किया है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि जनरल धीरज सेठ के नेतृत्व में सेना नई ऊंचाइयों को प्राप्त करेगी और अपनी गौरवशाली परंपराओं को आगे बढ़ाएगी। अपने विदाई संदेश में जनरल द्विवेदी ने कहा कि पिछले दो वर्षों के दौरान सेना ने उत्तरी और पश्चिमी दोनों मोर्चों पर पूरी सतर्कता और तैयारी बनाए रखी। उन्होंने वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर चल रहे ऑपरेशन स्नो लेपर्ड का उल्लेख करते हुए कहा कि सेना की तैनाती पूरी मजबूती और सजगता के साथ जारी रही।
उन्होंने पश्चिमी सीमा पर सेना की भूमिका की भी सराहना की और कहा कि ऑपरेशन सिंदूर भारतीय सेना की दक्षता, संयम और जवाबदेही का महत्वपूर्ण उदाहरण रहा है। उनके अनुसार राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े प्रत्येक विषय में सेना ने अनुशासन, स्पष्ट उद्देश्य और जिम्मेदारी के साथ कार्य किया है। जनरल द्विवेदी ने यह भी कहा कि इस अवधि में थल सेना, नौसेना और वायुसेना के बीच समन्वय और अधिक मजबूत हुआ है। तीनों सेनाओं ने साझा रणनीति और आपसी विश्वास के आधार पर बेहतर तालमेल स्थापित किया है। उन्होंने कहा कि वास्तविक नियंत्रण रेखा पर स्थिति फिलहाल स्थिर अवश्य है, लेकिन संवेदनशील बनी हुई है। भारतीय सेना किसी भी चुनौती या आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है और सीमा क्षेत्रों में मजबूत तैनाती बनाए हुए है।
अनुभवी हैं जनरल सेठ
जनरल धीरज सेठ को भारतीय सेना में लगभग चार दशक का अनुभव प्राप्त है। उन्होंने दिसंबर 1986 में सेना में कमीशन प्राप्त किया था और विभिन्न महत्वपूर्ण सैन्य एवं रणनीतिक जिम्मेदारियां संभाल चुके हैं। उनके नेतृत्व में सेना के आधुनिकीकरण और सामरिक क्षमताओं को और मजबूती मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

