:: 27 जुलाई को देशभर के 790 जिलों में ज्ञापन अभियान, इंदौर में 11 लाख हस्ताक्षरयुक्त प्रार्थना-पत्र कलेक्टर को सौंपेंगे गौभक्त ::
इंदौर । गौमाता को राष्ट्रमाता घोषित करने, गौहत्या पर रोक लगाने, गौ संरक्षण के लिए पृथक केंद्रीय कानून बनाने और अलग गौ मंत्रालय के गठन की मांग को लेकर गौ सम्मान आव्हान अभियान का दूसरा चरण 27 जुलाई से शुरू होगा। अभियान के तहत देशभर के 790 जिला मुख्यालयों पर हस्ताक्षरयुक्त प्रार्थना-पत्र सौंपे जाएंगे। इंदौर में गौभक्त राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और मुख्यमंत्री के नाम 11 लाख हस्ताक्षरों वाला ज्ञापन जिला कलेक्टर को सौंपेंगे।
इंदौर प्रेस क्लब में आयोजित पत्रकार वार्ता में अभियान से जुड़े महामंडलेश्वर राधे-राधे बाबा महाराज, हंसदास मठ के पवन शर्मा महाराज, संभागीय प्रभारी पं. मनोज तिवारी और जिला प्रभारी संजय कटारिया ने बताया कि गौमाता को सेवा, सुरक्षा और सम्मान दिलाने के उद्देश्य से यह अभियान चलाया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि 27 जुलाई को सुबह 10 बजे गौभक्त कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपेंगे। इससे पहले 26 जुलाई को सीता सर्वेश्वर मंदिर, रघुनाथ टेकरी, खातीपुरा चौराहा पर सुबह 8 बजे से 24 घंटे का हरिनाम संकीर्तन होगा। 27 जुलाई को सुबह 8 बजे प्रेमप्रकाश आश्रम में विजय मंत्र का जाप किया जाएगा।
:: 15 करोड़ हस्ताक्षर जुटाने का लक्ष्य ::
अभियान पदाधिकारियों के अनुसार, दूसरे चरण में देश के सभी 790 जिला मुख्यालयों पर हस्ताक्षरयुक्त प्रार्थना-पत्र जिला कलेक्टरों को सौंपे जाएंगे। इस चरण में 15 करोड़ हस्ताक्षर जुटाने का लक्ष्य रखा गया है।
उन्होंने बताया कि अभियान को स्वामी अच्युतानंद महाराज, महामंडलेश्वर राधे-राधे बाबा महाराज, पंचकुइया पीठाधीश्वर रामगोपाल उदासी और स्वामी जयेशदास उदासी सहित कई संतों का समर्थन प्राप्त है। संतों ने संविधान के दायरे में गौमाता की सेवा, सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करने की मांग उठाई है।
:: मांग पूरी नहीं हुई तो अक्टूबर में तीसरा चरण ::
आयोजकों के अनुसार, यदि सरकार की ओर से मांगों पर उचित निर्णय नहीं लिया जाता है तो 27 अक्टूबर को अभियान के तीसरे चरण में देश के 36 प्रांतों की राजधानियों में कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
:: चौथे चरण में दिल्ली में जुटेंगे गौभक्त ::
चौथे चरण में 26 जनवरी 2027 को देश के 790 जिलों और 5,410 तहसीलों से गौभक्त दिल्ली पहुंचेंगे। आयोजकों के अनुसार यहां शांतिपूर्ण संकीर्तन के माध्यम से गौ सुरक्षा और सम्मान की मांग सरकार के समक्ष रखी जाएगी। प्रस्तावित संकीर्तन अभियान 15 अगस्त 2027 तक जारी रहेगा।

