लखनऊ । समाजवादी पार्टी (एसपी) के प्रमुख और पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) पर तीखा हमला कर आरोप लगाया कि पार्टी सवालों से डरती है और नहीं चाहती कि गरीब लोग शिक्षित और सशक्त बनें। शिक्षा के मुद्दे पर सपा प्रमुख यादव ने कहा कि बीजेपी नहीं चाहती कि गरीब लोग शिक्षित हों, क्योंकि शिक्षा नागरिकों को सत्ता में बैठे लोगों से सवाल पूछने के काबिल बनाती है।
पूर्व सीएम यादव के अनुसार, सामंती और बहुसंख्यकवादी सोच वाले लोग गरीबों को शिक्षित नहीं देखना चाहते, क्योंकि शिक्षित होने पर वे सवाल पूछना शुरु कर सकते है। उन्होंने कहा कि जो सवालों से डरते हैं, वे लोकतंत्र और बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर के संविधान को कमजोर करते हैं। अखिलेश ने आरोप लगाया कि भाजपा इतिहास से छेड़छाड़ कर रही है, पाठ्यपुस्तकें बदल रही है और पुराने महापुरुषों के अध्याय हटाकर आरएसएस की पसंद के लोगों को शामिल कर रही है, ताकि देश का इतिहास बदला जा सके।
सपा प्रमुख ने भाजपा को देश के लिए सबसे बड़ा संकट बताकर कहा कि भाजपा के हटते ही सारे संकट समाप्त हो जाएंगे। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या भाजपा सरकार के फैसलों से आम लोगों को कोई वास्तविक लाभ मिला है। उत्तर प्रदेश सरकार पर निशाना साधकर पूर्व सीएम यादव ने इटावा में लायन सफारी को बर्बाद करने, विधायकों और मंत्रियों द्वारा ज़मीन पर कब्ज़ा करने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि भाजपा सरकार ने स्टेडियम, स्कूल, कॉलेज और मिड-डे मील जैसी जन-सुविधाओं और शिक्षण संस्थानों को ठीक से बनाए रखने में विफल रही है और सफाई में बने एक्वेटिक सेंटर को भी बर्बाद कर दिया है।

