ढाका । बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान ने इस साल दुर्गा पूजा के लिए सरकारी खजाना खोलते हुए एक महत्वपूर्ण फैसला लिया है। उन्होंने दुर्गा पूजा के लिए अनुदान की राशि बढ़ाकर 5 करोड़ टका कर दी है। इसके साथ ही, सरकारी कर्मचारियों के लिए दुर्गा पूजा की छुट्टी को भी बढ़ाकर पांच दिन कर दिया गया है। सरकार के इस कदम को अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय तक पहुंच बनाने और उनके बीच विश्वास बहाल करने की एक बड़ी कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।
जानकारी के अनुसार, हिंदू धार्मिक कल्याण ट्रस्ट ने पहले पूजा के लिए 4 करोड़ टका का अनुदान मांगा था, लेकिन प्रधानमंत्री के विशेष ध्यान और निर्देश के बाद इस राशि को बढ़ाकर 5 करोड़ टका कर दिया गया। इसी तरह, बौद्ध धार्मिक कल्याण ट्रस्ट ने अपने कथिन चीवर दान उत्सव के लिए 2 करोड़ टका की मांग की थी, जिसे बढ़ाकर 3 करोड़ टका कर दिया गया है। ये बढ़ोतरी सरकार की तरफ से अल्पसंख्यकों के प्रति दिखाए गए सद्भाव का प्रतीक है।
सरकार ने हिंदू समुदाय की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा करते हुए दुर्गा पूजा की सरकारी छुट्टी भी बढ़ा दी है। अब तीन दिन की आधिकारिक छुट्टी के साथ वीकेंड (शनिवार-रविवार) को मिलाकर कुल पांच दिन की छुट्टी मिलेगी, जिससे त्योहार मनाने वालों को अधिक समय मिल सकेगा। यह निर्णय ऐसे समय में आया है जब अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे थे। विशेष रूप से 2024 में शेख हसीना सरकार के गिरने और मुहम्मद यूनुस की अंतरिम सरकार के दौरान अल्पसंख्यकों, खासकर हिंदुओं पर हमलों में वृद्धि देखी गई थी। इस स्थिति को देखते हुए, पड़ोसी देश भारत ने भी कई बार बांग्लादेश के अधिकारियों के सामने अल्पसंख्यक सुरक्षा का मुद्दा उठाया था। सत्ता में आने के बाद प्रधानमंत्री तारिक रहमान ने अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का संकल्प लिया था। प्रधानमंत्री के रूप में अपने पहले संबोधन में उन्होंने स्पष्ट किया था कि उनकी सरकार सभी नागरिकों के लिए देश को सुरक्षित बनाएगी, चाहे वे किसी भी धर्म, विचार, या जातीयता के हों। हाल ही में वे जन्माष्टमी के कार्यक्रम में भी शामिल हुए थे, जहां उन्होंने नागरिकों से खुद को बहुसंख्यक या अल्पसंख्यक न मानकर, स्वयं को केवल बांग्लादेशी के रूप में देखने की अपील की थी। इस साल पूजा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत करने का ऐलान किया गया है। गृह मंत्री सलाहुद्दीन अहमद ने त्योहार के लिए बढ़ी हुई सुरक्षा, सरकारी मदद और लंबी छुट्टी की घोषणा की। अधिकारियों को त्योहार की निगरानी के लिए नेशनल टेलीकम्युनिकेशन मॉनिटरिंग सेंटर के मोबाइल ऐप का उपयोग करने को कहा गया है। सुरक्षा और शांतिपूर्ण आयोजन की जिम्मेदारी राष्ट्रीय, डिवीजन, जिला और उपजिला स्तर की सरकारी एजेंसियों को सौंपी गई है। धार्मिक मामलों के राज्य मंत्री मोहम्मद शमीम कैसर ने विशेष रूप से मूर्ति विसर्जन के समय स्थानीय प्रशासन और पुलिस को पूरी सावधानी बरतने के निर्देश दिए हैं। इस वर्ष बांग्लादेश में कुल 33,851 पूजा मंडपों में दुर्गा पूजा मनाई जाएगी, जो पिछले साल की तुलना में लगभग 1,500 ज्यादा है, जो समुदाय में बढ़ती भागीदारी को दर्शाता है।

