अभिनेत्री ने शेमारूमी के ‘दिल पड़ोसी’ में मंजरी का किरदार निभाने और अपनी भावनाओं व पहचान को दोबारा समझने के अनुभव के बारे में खुलकर बात कीकभी-कभी कोई इंसान हमारी जिंदगी में हमें बदलने नहीं, बल्कि खुद को नए सिरे से पहचानने में मदद करने आता है। शेमारूमी के रिश्तों पर आधारित ड्रामा ‘दिल पड़ोसी’ में शिवानी एम. सिंह द्वारा निभाया गया मंजरी का किरदार भी इसी सोच को दिखाता है। मंजरी एक गृहिणी है, जिसकी शादीशुदा जिंदगी बाहर से सामान्य दिखती है, लेकिन इसमें उसकी अपनी इच्छाओं और पहचान के लिए बहुत कम जगह बची है। घर और परिवार की जिम्मेदारियाँ निभाते हुए वह अपनी खुशियों और जरूरतों को पीछे छोड़ चुकी है। कहानी में वह धीरे-धीरे अपनी जिंदगी और रिश्ते को नए नजरिए से देखने लगती है।
शिवानी के मुताबिक, मंजरी की कहानी सिर्फ किसी नए व्यक्ति के उसकी जिंदगी में आने की नहीं, बल्कि खुद को समझने की है। रोनक का ध्यान उसके अंदर बदलाव की शुरुआत जरूर करता है, लेकिन अपनी इच्छाओं और भावनाओं को लेकर सवाल उसके मन में पहले से ही थे।

